30 July 2026 PIB Summary for UPSC in Hindi Pdf
30 July 2026 PIB Summary for UPSC in Hindi Pdf के अंतर्गत प्रोजेक्ट टाइगर की उपलब्धियों व अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस 2026 के अवसर पर भारत में बाघ संरक्षण के प्रयासों, ग्राम पंचायतों में डिजिटल कनेक्टिविटी को मजबूत करने वाली ‘दानवीर’ पहल, देश में वामपंथी उग्रवाद (LWE) के प्रभावी उन्मूलन, ग्वालियर में स्थापित भारत के पहले दूरसंचार निर्माण क्षेत्र (TMZ), लद्दाख के हानले में हिमालयन चंद्रा टेलिस्कोप के 25 सफल वर्षों के खगोलीय योगदान, पारदर्शी कोयला बाजार हेतु जारी कोयला विनिमय नियम 2026, तथा स्टार्टअप्स व तकनीकी नवाचारों को बढ़ावा देने वाले इलेक्ट्रॉनिक्स डेवलपमेंट फंड (EDF) का विश्लेषण प्रस्तुत किया गया है। अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस और भारत में बाघ संरक्षण प्रयास चर्चा में क्यों? ‘अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस’ (Global Tiger Day) के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों और वन्यजीव प्रेमियों को बधाई दी। उन्होंने भारत के संरक्षण प्रयासों की सराहना करते हुए वैश्विक स्तर पर बाघों की आबादी और भारत की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला। प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि भारत दुनिया की लगभग 70% बाघों की आबादी का घर है। उन्होंने विज्ञान आधारित संरक्षण, स्थानीय समुदायों की भागीदारी और मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने की भारत की प्रतिबद्धता को दोहराया। मुख्य बिंदु: वैश्विक बाघ आबादी, संरक्षण रणनीति एवं सामुदायिक भागीदारी 1. वैश्विक बाघ आबादी और भारत की स्थिति 2. संरक्षण के तीन मुख्य स्तंभ 3. मानव-वन्यजीव संघर्ष एवं हितधारकों की भूमिका प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य पहलू / बिंदु महत्वपूर्ण तथ्य ग्लोबल टाइगर डे तिथि प्रतिवर्ष 29 जुलाई को मनाया जाता है। वैश्विक बाघ आबादी में भारत का हिस्सा लगभग 70%। सेंट पीटर्सबर्ग घोषणापत्र (2010) 2010 के बाघ सम्मेलन में 2022 तक बाघों की संख्या दोगुनी करने (Tx2) का लक्ष्य रखा गया था। प्रोजेक्ट टाइगर (Project Tiger) 1973 में शुरू किया गया भारत सरकार का प्रमुख संरक्षण कार्यक्रम। नोडल संस्था राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (NTCA – Statutory Body under Wildlife Protection Act, 1972)। अंतर्राष्ट्रीय पहल भारत ने इंटरनेशनल बिग कैट्स एलायंस (IBCA) की शुरुआत की है। दानवीर पहल: ग्राम पंचायतों में डिजिटल अवसंरचना का सुदृढ़ीकरण चर्चा में क्यों? पंचायती राज मंत्रालय के सचिव विवेक भारद्वाज ने नई दिल्ली में ‘दानवीर’ पहल का शुभारंभ किया। यह एक नागरिक सहभागिता (Citizen Participation) मंच है। इसका मुख्य उद्देश्य देश की ग्राम पंचायतों के डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत बनाना है। नागरिक इसके जरिए ‘मेरी पंचायत ऐप’ के माध्यम से स्वेच्छा से कंप्यूटर दान कर सकते हैं। मुख्य बिंदु: डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर, संस्थागत ढांचा एवं नागरिक सहभागिता 1. दानवीर पहल का स्वरूप और नोडल निकाय 2. कार्यप्रणाली और पारदर्शिता 3. ग्रामीण ई-गवर्नेंस और प्रवासी जुड़ाव प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य पहल / प्लेटफॉर्म नोडल मंत्रालय / संस्था मुख्य कार्य / तथ्य दानवीर पंचायती राज मंत्रालय + NIC + DigiHaat ग्राम पंचायतों को स्वेच्छा से कंप्यूटर दान करने का डिजिटल प्लेटफॉर्म। इंटरफेस ऐप मेरी पंचायत ऐप दानवीर सुविधा इसी मोबाइल ऐप के भीतर उपलब्ध है। ई-कॉमर्स पार्टनर डिगीहाट मानकों के अनुरूप प्री-अप्रूव्ड कंप्यूटर बंडल खरीदने का प्लेटफॉर्म। मूल दर्शन “Give Back to Your Village” ग्रामीण ई-गवर्नेंस में स्वैच्छिक नागरिक भागीदारी और पारदर्शिता। संबंधित डिजिटल टूल e-GramSwaraj, AuditOnline, Gram Manchitra पंचायती राज मंत्रालय के अन्य प्रमुख ई-गवर्नेंस प्लेटफॉर्म। भारत में वामपंथी उग्रवाद (LWE) का उन्मूलन और सुरक्षा स्थिति चर्चा में क्यों? गृह मंत्रालय के राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने राज्यसभा में भारत में वामपंथी उग्रवाद (LWE) की अद्यतन स्थिति पर एक लिखित उत्तर प्रस्तुत किया। लगभग छह दशकों तक देश की आंतरिक सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा रहे वामपंथी उग्रवाद को भारत सरकार और राज्य सरकारों के समन्वित प्रयासों से पूरी तरह नियंत्रित कर लिया गया है। देश के उग्रवाद-प्रभावित जिलों की संख्या घटकर “शून्य” हो गई है। सरकार अब सुरक्षा व्यवस्था की मजबूती और बुनियादी विकास को गति देने पर जोर दे रही है। मुख्य बिंदु: सुरक्षा रणनीति, बुनियादी ढांचा और पुनर्वास 1. राष्ट्रीय नीति और कार्रवाई योजना 2015 (National Policy and Action Plan) 2. सुरक्षा अवसंरचना और वित्तीय मदद 3. आत्मसमर्पण-सह-पुनर्वास नीति 4. अवसंरचना, वित्तीय समावेशन और विकास पहलें प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य पहलू / योजना नोडल निकाय / प्रावधान प्रमुख तथ्य संवैधानिक प्रावधान 7वीं अनुसूची (राज्य सूची) ‘पुलिस’ और ‘लोक व्यवस्था’ राज्य के विषय हैं। राष्ट्रीय नीति (LWE) गृह मंत्रालय (MHA) 2015 में शुरू; मल्टी-प्रॉंग्ड स्ट्रैटेजी पर आधारित। SRE योजना गृह मंत्रालय आत्मसमर्पण, क्षतिपूर्ति और सुरक्षा बलों के परिचालन व्यय की प्रतिपूर्ति। पहला जन सुविधा केंद्र जगदलपुर (छत्तीसगढ़) ‘शहीद वीर गुंडाधुर सेवा डेरा केंद्र’। ACALWEMS योजना केंद्रीय एजेंसियां हेलीकॉप्टर सहायता और बेस कैंप अवसंरचना हेतु वित्त पोषण। TYEP कार्यक्रम MHA + नेहरू युवा केंद्र जनजातीय युवाओं के राष्ट्रीय एकीकरण हेतु एक्सपोजर विजिट्स। भारत का पहला दूरसंचार निर्माण क्षेत्र (Telecom Manufacturing Zone – TMZ): ग्वालियर चर्चा में क्यों? दूरसंचार विभाग (DoT) और मध्य प्रदेश सरकार के बीच एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए जाएंगे। नई दिल्ली के विज्ञान भवन में होने वाले इस कार्यक्रम का उद्देश्य मध्य प्रदेश के ग्वालियर में भारत के पहले दूरसंचार निर्माण क्षेत्र (TMZ – Phase-I) की स्थापना करना है। इस अवसर पर केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मौजूद रहेंगे। मुख्य बिंदु: घरेलू विनिर्माण, निवेश और विज़न 1. आत्मनिर्भर भारत और घरेलू पारितंत्र का सुदृढ़ीकरण 2. आर्थिक और औद्योगिक प्रभाव 3. केंद्र-राज्य भागीदारी प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य पहलू / बिंदु महत्वपूर्ण तथ्य / विवरण पहला TMZ स्थान ग्वालियर (मध्य प्रदेश)। भागीदार संस्थाएं दूरसंचार विभाग (DoT) + मध्य प्रदेश सरकार। चरण (Phase) TMZ चरण-I (Phase-I)। मुख्य उद्देश्य दूरसंचार उपकरणों का स्वदेशी विनिर्माण और नवाचार। संबंधित विजन ‘मेक इन इंडिया’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’। हानले में हिमालयन चंद्रा टेलिस्कोप के 25 वर्ष चर्चा में क्यों? लद्दाख के हानले में 2-मीटर ‘हिमालयन चंद्रा टेलिस्कोप’ (HCT) के सफल संचालन के 25 वर्ष पूरे हो गए हैं। इस उपलब्धि को चिन्हित करने के लिए भारतीय खगोल भौतिकी संस्थान (IIA) ने एक 3-दिवसीय सम्मेलन आयोजित किया। केंद्रीय बजट में हानले के लिए घोषित 3.7-मीटर अपग्रेटेड एचसीटी और 13.7-मीटर राष्ट्रीय विशाल ऑप्टिकल-इंफ्रारेड टेलिस्कोप की दिशा में इस पड़ाव को अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मुख्य बिंदु: स्थापना, तकनीकी विशेषताएं एवं वैज्ञानिक योगदान 1. स्थान का चयन और ऐतिहासिक पृष्ठभूमि 2. अनूठी रिमोट ऑपरेटिंग तकनीक 3. प्रमुख वैज्ञानिक खोजें और बहु-विषयक शोध 4. भविष्य की योजनाएं और हानले डार्क स्काई रिजर्व