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29 July 2026 The Hindu Notes In Hindi Pdf

सिविल सेवा और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए 29 जुलाई 2026 The Hindu Notes In Hindi Pdf अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस अंक में पर्यावरण संरक्षण, अंतरिक्ष विज्ञान और राष्ट्रीय नीतियों से जुड़े कई अहम विषयों को शामिल किया गया है। इनमें बाघों के संरक्षण के लिए TOTR (Tigers Outside Tiger Reserves) पहल, पश्चिमी घाट इको-ज़ोन का नया ड्राफ्ट, ऐतिहासिक दुर्ग संरक्षण मॉडल, और ब्रह्मांड के रहस्यों को समेटे एंड्रोमेडा गैलेक्सी जैसे विषय शामिल हैं। दुर्ग संरक्षण दृष्टिकोण: पारंपरिक वन्यजीव संरक्षण का मॉडल Context हाल ही में ‘Ecosystems and People’ जर्नल में प्रकाशित एक नए शोध लेख में “दुर्ग संरक्षण (Fortress Conservation)” मॉडल की कमियों पर प्रकाश डाला गया है और इसके विकल्प के रूप में पारंपरिक वन प्रबंधन का समर्थन किया गया है। प्रमुख बिंदु (Key Points) दुर्ग संरक्षण दृष्टिकोण (Fortress Conservation Approach) क्या है? सोलिगा जनजाति (Soliga Tribe) का मॉडल: एक बेहतर विकल्प इस मॉडल के लाभ (Benefits) केंद्र ने पश्चिमी घाट इको-ज़ोन पर ड्राफ्ट फिर से जारी किया। Context केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय ने पश्चिमी घाट (Western Ghats) में एक पारिस्थितिक रूप से संवेदनशील क्षेत्र (ESA) प्रस्तावित करने वाले अपने मसौदे (Draft Notification) को एक दशक से अधिक समय में सातवीं बार फिर से जारी किया है। पिछला मसौदा 27 जुलाई 2026 को अंतिम रूप दिए बिना ही समाप्त (lapse) हो गया था। प्रमुख बिंदु (Key Points) ताजा मसौदे के मुख्य प्रावधान और प्रतिबंध राज्यों के साथ लंबे समय से विवाद के कारण प्रस्तावित क्षेत्रफल और वितरण (State-wise Breakdown) ताजे मसौदे में ESA का कुल क्षेत्रफल 56,825.7 वर्ग किमी रखा गया है, जिसमें कोई बदलाव नहीं किया गया है: पश्चिमी घाट ESA विवाद की पृष्ठभूमि: ESZs क्या हैं और इनकी क्या भूमिका है? कानूनी दर्जा और नियामक आधार (Legal Status) 10-किलोमीटर का नियम (The 10-km Rule) एंड्रोमेडा गैलेक्सी (Andromeda Galaxy) खगोलविदों ने हबल स्पेस टेलीस्कोप (Hubble Space Telescope) के डेटा का उपयोग करके एंड्रोमेडा गैलेक्सी (Andromeda Galaxy) के अधिकांश हिस्से में पिछले 500 मिलियन (50 करोड़) वर्षों में हुए तारों के निर्माण (Star Formation) का अब तक का सबसे स्पष्ट मानचित्र तैयार किया है। प्रमुख बिंदु (Key Points) एंड्रोमेडा गैलेक्सी (Andromeda Galaxy) से जुड़े मुख्य निष्कर्ष आकाशगंगाओं का जीवन चक्र और ‘मध्य आयु’ (Middle Age) शहर का डरावना सपना — आग जिससे बचने का कोई रास्ता नहीं Context लखनऊ (अलीगंज) और दिल्ली (मालवीय नगर) जैसी जगहों पर हाल ही में हुई भीषण आग की दुर्घटनाओं और देश के अन्य शहरी केंद्रों (नोएडा, इंदौर, बेंगलुरु, मुंबई) में बुनियादी नागरिक विफलताओं ने भारत के शहरी प्रशासन और शासन (Urban Governance) की पोल खोल दी है। प्रमुख बिंदु (Key Points) 1. शहरी शासन में विफलता और “मृत्यु जाल” (Death Traps) 2. प्रौद्योगिकी की उपलब्धता बनाम क्रियान्वयन की कमी 3. शहरी शासन की संरचनात्मक कमियाँ (Structural Deficits) आगे की राह (Way Forward) 🎯 प्रारंभिक परीक्षा (Prelims): महत्वपूर्ण तथ्य रिज़र्व के बाहर बाघों के साथ सह-अस्तित्व Context भारत में ‘प्रोजेक्ट टाइगर’ (Project Tiger) की सफलता के परिणामस्वरूप देश में बाघों की संख्या में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है। इसके साथ ही, एक नई संरक्षण चुनौती सामने आई है—संरक्षित क्षेत्रों से बाहर (Outside Protected Areas) रहने वाले बाघों की बढ़ती संख्या, जिसके समाधान के लिए पर्यावरण मंत्रालय ने TOTR (Tigers Outside Tiger Reserves) पहल शुरू की है। प्रमुख बिंदु (Key Points) भारत की बाघ संरक्षण की सफलता और नई सीमा (New Conservation Frontier) TOTR (Tigers Outside Tiger Reserves) पहल क्या है? TOTR के दो पूरक स्तंभ (Two Complementary Pillars) प्रौद्योगिकी और संस्थागत क्षमता की भूमिका 🎯 Revision points

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29 July 2026 PIB Summary for UPSC in Hindi Pdf

29 July 2026 PIB Summary for UPSC in Hindi Pdf के अंतर्गत समुद्री लॉजिस्टिक्स को गति देने वाली तटीय मालवहन संवर्धन योजना, ग्रामीण स्वरोजगार को बढ़ावा देने वाले स्टार्टअप विलेज एंटरप्रेन्योरशिप प्रोग्राम (SVEP), और सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा अनुसूचित जाति सशक्तीकरण हेतु PM-AJAY योजना (2026-31) , द्विपक्षीय कनेक्टिविटी को मजबूत करने वाले भारत-नेपाल रेल व्यापार की पहली सीधी व्यावसायिक कंटेनर मालगाड़ी के सफल संचालन, स्थानीय लोकतंत्र व सुशासन के लिए पंचायती राज संस्थाओं (PRIs) के सशक्तीकरण, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर की सुरक्षा हेतु साइबर अपराध शमन केंद्र एवं नई सुरक्षा पहलों, तथा वित्तीय समावेशन को बल देने वाले क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों (RRBs) के सर्वकालिक उच्च लाभ व प्रदर्शन समीक्षा का विश्लेषण प्रस्तुत किया गया है। तटीय मालवहन संवर्धन योजना चर्चा में क्यों? बंदरगाह, नौवहन और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने राज्यसभा में तटीय मालवहन संवर्धन योजना (Coastal Cargo Promotion Scheme) के कार्यान्वयन और तटीय शिपिंग को बढ़ावा देने के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी साझा की। केंद्रीय बजट 2026 में घोषित इस योजना का मुख्य लक्ष्य वर्ष 2047 तक देश के कुल लॉजिस्टिक्स में अंतर्देशीय जलमार्गों और तटीय शिपिंग की हिस्सेदारी को 6% से बढ़ाकर 12% करना है। मुख्य बिंदु: नीतिगत सुधार, इंफ्रास्ट्रक्चर और लाभ 1. सरकार द्वारा उठाए गए प्रमुख नीतिगत कदम 2. इंफ्रास्ट्रक्चर विकास (सागरमाला योजना) 3. सामाजिक और आर्थिक प्रभाव 10 प्रमुख बंदरगाहों पर समर्पित तटीय बर्थ क्र.सं. बंदरगाह का नाम समर्पित बर्थ की संख्या 1 पारादीप पोर्ट अथॉरिटी (ओडिशा) 5 (सर्वाधिक) 2 मुंबई पोर्ट अथॉरिटी / श्यामा प्रसाद मुखर्जी पोर्ट (कोलकाता) 3-3 3 कामराजार पोर्ट (तमिलनाडु) / न्यू मंगलौर पोर्ट (कर्नाटक) 2-2 4 चेन्नई / कोचीन / JNPA (मुंबई) / VOCPA (तूतीकोरिन) / विशाखापट्टनम 1-1 प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / पहलू महत्वपूर्ण तथ्य 2047 का लक्ष्य तटीय/जलमार्गों की हिस्सेदारी को 6% से बढ़ाकर 12% करना। बंकर ईंधन पर GST 18% से घटाकर 5% किया गया। पोर्ट शुल्क में छूट तटीय मालवाहक जहाजों को 40% की छूट। कानूनी ढांचा तटीय नौवहन अधिनियम, 2025। सर्वाधिक तटीय बर्थ पारादीप पोर्ट अथॉरिटी (कुल 5 बर्थ)। स्टार्टअप विलेज एंटरप्रेन्योरशिप प्रोग्राम (SVEP): ग्रामीण उद्यमिता का कायाकल्प चर्चा में क्यों? ग्रामीण विकास मंत्रालय के अनुसार, स्टार्टअप विलेज एंटरप्रेन्योरशिप प्रोग्राम (SVEP) ने 30 जून 2026 तक देश भर में 4.32 लाख से अधिक ग्रामीण गैर-कृषि उद्यमों को सफलतापूर्वक समर्थन दिया है। यह योजना ग्रामीण क्षेत्रों में शहरी-केंद्रित स्टार्टअप पारिस्थितिकी तंत्र का विस्तार कर रही है। इसमें सामाजिक समावेशिता को प्राथमिकता दी गई है, जहाँ लगभग 86% लाभार्थी SC, ST, अल्पसंख्यक और OBC वर्गों से आते हैं। मुख्य बिंदु: योजना की संरचना, कार्यान्वयन और प्रभाव 1. योजना का स्वरूप और उद्देश्य 2. ब्लॉक-स्तरीय कार्यान्वयन ढांचा 3. सामाजिक समावेशिता और बजटीय आवंटन 4. भारतीय गुणवत्ता परिषद (QCI) के मूल्यांकन के मुख्य निष्कर्ष प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / पहलू महत्वपूर्ण तथ्य मूल नोडल योजना DAY-NRLM (ग्रामीण विकास मंत्रालय)। शुरुआत: 2016। लक्ष्य क्षेत्र ग्रामीण गैर-कृषि क्षेत्र (Non-farm sector) में सूक्ष्म उद्यम। सामाजिक समावेशन 86% लाभार्थी वंचित वर्गों (SC/ST/OBC/अल्पसंख्यक) से। महिला कोटा कम से कम 60% महिला उद्यमी अनिवार्य। स्थानीय मेंटर कैडर CRP-EPs (कम से कम 60% महिलाएं, 90% SHG पृष्ठभूमि से)। वित्तीय कोष कम्युनिटी एंटरप्राइज फंड (CEF) के जरिए सामुदायिक ऋण प्रबंधन। PM-AJAY योजना: अनुसूचित जाति सशक्तीकरण के लिए 2026-31 हेतु नए वित्तीय परिव्यय का प्रस्ताव चर्चा में क्यों? सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री रामदास अठवाले ने लोकसभा में प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (PM-AJAY) की प्रगति रिपोर्ट पेश की। सरकार ने नीति आयोग के डेवलपमेंट मॉनिटरिंग एंड इवैल्यूएशन ऑफिस (DMEO) के सकारात्मक मूल्यांकन के बाद इस योजना को वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक अधिक बजट के साथ जारी रखने का प्रस्ताव दिया है। मुख्य बिंदु: योजना की संरचना, वित्तीय स्थिति और प्रभाव 1. PM-AJAY के मुख्य तीन घटक यह योजना 2021-22 में शुरू की गई थी। इसे तीन पूर्ववर्ती योजनाओं को मिलाकर एक एकीकृत रूप दिया गया: 2. वित्तीय आवंटन और प्रगति (2021-22 से 2025-26) 3. आदर्श ग्राम घटक की स्थिति 4. नीति आयोग (DMEO) के मूल्यांकन निष्कर्ष नीति आयोग के अध्ययन में पाया गया कि इस योजना से: प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / पहलू महत्वपूर्ण तथ्य मंत्रालय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय। प्रारंभ वर्ष 2021-22 (2026-31 तक विस्तार प्रस्तावित)। योजना का प्रकार केंद्र प्रायोजित योजना (Centrally Sponsored Scheme)। मूल तीन घटक आदर्श ग्राम, अनुदान-सहायता (Grants-in-Aid), हॉस्टल निर्माण। मूल्यांकन संस्था DMEO (नीति आयोग)। आदर्श ग्राम में अग्रणी तमिलनाडु (3,111 गांव आदर्श ग्राम घोषित)। भारत-नेपाल रेल व्यापार: पहली सीधी व्यावसायिक कंटेनर मालगाड़ी का सफल संचालन चर्चा में क्यों? कोलकाता पोर्ट से नेपाल के बिराटनगर कस्टम्स यार्ड के लिए पहली सीधी व्यावसायिक कंटेनर मालगाड़ी सफलता पूर्वक पहुंची। 40 डिब्बों (वैगनों) वाली यह ट्रेन कैनोला लेकर नेपाल पहुंची है। यह पूरा संचालन संशोधित ‘भारत-नेपाल रेल ट्रांजिट प्रोटोकॉल’ के तहत हुआ है, जो दोनों देशों के बीच व्यापारिक रिश्तों को एक नई ऊंचाई देगा। मुख्य बिंदु: सीमा पार व्यापार और लॉजिस्टिक्स में बदलाव 1. बिना रुकावट सीधा माल परिवहन (End-to-End Transport) 2. द्विपक्षीय समझौते और ऐतिहासिक पृष्ठभूमि 3. आर्थिक और पर्यावरणीय लाभ प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / पहलू महत्वपूर्ण तथ्य मार्ग (Route) कोलकाता पोर्ट (भारत) से बिराटनगर कस्टम्स यार्ड (नेपाल)। सीमा पार रेल लिंक जोगबनी (बिहार, भारत) — बिराटनगर (नेपाल) ब्रॉड-गेज नेटवर्क। नीतिगत ढांचा भारत-नेपाल रेल ट्रांजिट प्रोटोकॉल (संशोधित LoE, नवंबर 2025)। पहला कार्गो कैनोला ले जाने वाले 40 वैगन/डिब्बे। मुख्य उद्देश्य नो-ट्रांसशिपमेंट आधारित निर्बाध क्रॉस-बॉर्डर व्यापार। पंचायती राज संस्थाओं (PRIs) का सशक्तीकरण चर्चा में क्यों? पंचायती राज केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह (ललन सिंह) ने लोकसभा में पंचायती राज संस्थाओं (PRIs) के वित्तीय और प्रशासनिक सशक्तीकरण पर विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया। फरवरी 2025 में जारी “राज्यों में पंचायतों को हस्तांतरण की स्थिति: एक सांकेतिक साक्ष्य-आधारित रैंकिंग, 2024” रिपोर्ट का हवाला दिया गया। इसमें ‘डेवोल्यूशन इंडेक्स’ के जरिए संविधान के भाग-IX के तहत आने वाले राज्यों/UTs का मूल्यांकन किया गया। मुख्य बिंदु: संवैधानिक प्रावधान, चुनौतियां और सरकारी पहलें 1. संवैधानिक एवं प्रशासनिक ढांचा 2. वित्तीय आवंटन (15वां वित्त आयोग और RGSA) 3. क्षमता निर्माण और प्रशिक्षण (Capacity Building) 4. डिजिटल गवर्नेंस एवं वित्तीय पारदर्शिता प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / पहलू महत्वपूर्ण तथ्य संविधान भाग एवं सूची भाग-IX, अनुच्छेद 243G, 11वीं अनुसूची (29 विषय), 7वीं अनुसूची की राज्य सूची। डेवोल्यूशन इंडेक्स के 6 स्तंभ

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27 & 28 July 2026 PIB Summary for UPSC in Hindi Pdf

27 & 28 July 2026 PIB Summary for UPSC in Hindi Pdf के अंतर्गत यूनेस्को द्वारा बौद्ध विरासत सारनाथ को विश्व धरोहर स्थल घोषित किए जाने, अमेरिकी व्यापार नीति के सेक्शन 301 टैरिफ के तहत भारत, वर्ष 2014 से 2026 तक के 8 प्रमुख संविधान संशोधन, आंध्र प्रदेश में FCV तंबाकू बाजार की समीक्षा, खगोलविदों द्वारा सक्रिय रूप से बनते ‘ब्लू स्ट्रैग्लर स्टार’ की अभूतपूर्व खोज, सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण हेतु म्यूजियम ग्रांट स्कीम, बिहार में सिंचाई व बाढ़ नियंत्रण के लिए कोसी-मेची अंतःराज्यीय लिंक परियोजना, महाराष्ट्र के महान संत संत गजानन महाराज के 150वें प्रकट दिन पर राष्ट्रीय मान्यता की मांग, तथा पेरिस समझौते के तहत भारत के एनडीसी (NDC) लक्ष्यों की नवीनतम प्रगति का अध्ययन प्रस्तुत किया गया है। सारनाथ बना यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल चर्चा में क्यों? उत्तर प्रदेश के प्राचीन बौद्ध स्थल सारनाथ को आधिकारिक तौर पर यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची (UNESCO World Heritage List) में शामिल कर लिया गया। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने इस उपलब्धि पर खुशी जताते हुए इसे भारत की सभ्यतागत और आध्यात्मिक विरासत के लिए एक ऐतिहासिक क्षण बताया। यह मान्यता भारत में बौद्ध पर्यटन (Buddhist Circuit) को वैश्विक स्तर पर बढ़ावा देने और भगवान बुद्ध के ज्ञान, करुणा व शांति के संदेशों को दुनिया भर में फैलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। मुख्य बिंदु: सारनाथ का ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और स्थापत्य महत्व 1. धार्मिक एवं ऐतिहासिक प्रासंगिकता 2. मुख्य स्मारक एवं वास्तुकला 3. वैश्विक और आर्थिक प्रभाव प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / बिंदु महत्वपूर्ण तथ्य स्थल का नाम सारनाथ (वाराणसी के पास, उत्तर प्रदेश)। ऐतिहासिक घटना धर्मचक्रप्रवर्तन (बुद्ध का प्रथम उपदेश)। अंतरराष्ट्रीय दर्जा यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल (25 जुलाई 2026)। प्रमुख संरचनाएं धमेख स्तूप, चौखंडी स्तूप, मूलगंध कुटी विहार, अशोक स्तंभ। राष्ट्रीय प्रतीक सारनाथ स्थित अशोक स्तंभ का सिंह शीर्ष (Lion Capital)। प्राचीन नाम ऋषिपतन या मृगदाव। अमेरिका का सेक्शन 301 टैरिफ: भारत को 10% के निचले टैरिफ ब्रैकेट में मिली जगह चर्चा में क्यों? यूनाइटेड स्टेट्स ट्रेड रिप्रेजेंटेटिव (USTR) ने अमेरिकी ट्रेड एक्ट 1974 के सेक्शन 301 के तहत अंतिम उपायों की घोषणा की। यह कार्रवाई बंधुआ श्रम से निर्मित वस्तुओं के आयात पर रोक से जुड़े नियमों की जांच के बाद की गई है। USTR ने इस जांच में भारत सहित 60 अर्थव्यवस्थाओं को शामिल किया था। भारत सरकार के कूटनीतिक प्रयासों के कारण प्रस्तावित 12.5% शुल्क को घटाकर अंतिम रूप से 10% अतिरिक्त शुल्क कर दिया गया है। इससे भारत को अन्य प्रतिस्पर्धी अर्थव्यवस्थाओं की तुलना में निचले टैरिफ ब्रैकेट में जगह मिली है। मुख्य बिंदु: टैरिफ छूट, निर्यात प्रभाव और रणनीतिक कूटनीति 1. धारा 301 शुल्क में राहत 2. निर्यात पर प्रभाव और छूट 3. वस्त्र क्षेत्र और भावी द्विपक्षीय व्यापार प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / बिंदु महत्वपूर्ण तथ्य अमेरिकी अधिनियम यू.एस. ट्रेड एक्ट, 1974 (सेक्शन 301 एवं सेक्शन 232)। जांच का आधार जबरन श्रम/बंधुआ श्रम (Forced Labour) से बनी वस्तुओं का आयात। अंतिम टैरिफ दर भारत पर 10% अतिरिक्त शुल्क (प्रारंभिक प्रस्ताव: 12.5%)। छूट प्राप्त निर्यात भारत के 45% निर्यात (जेनेरिक दवाएं, स्मार्टफोन, स्टील, ऑटो पार्ट्स) मुक्त। प्रभावित निर्यात भारत के 55% निर्यात पर 10% अतिरिक्त शुल्क लागू। जारी वार्ताएं भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौता (Bilateral Trade Agreement)। संविधान संशोधन अधिनियम (2014-2026): पिछले 12 वर्षों के 8 प्रमुख संशोधन चर्चा में क्यों? केंद्रीय कानून एवं न्याय मंत्री श्री अर्जुन राम मेघवाल ने लोकसभा में जानकारी दी कि पिछले 12 वर्षों (2014 से 2026) के दौरान भारतीय संविधान में कुल 8 संशोधन अधिनियम पारित किए गए हैं। ये संशोधन न्यायपालिका, कराधान, क्षेत्रीय सीमाओं, सामाजिक आरक्षण और महिला सशक्तिकरण जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों से जुड़े हैं। मुख्य बिंदु: पिछले 12 वर्षों में पारित 8 संविधान संशोधन 1. 99वां संविधान संशोधन अधिनियम, 2014 (NJAC) 2. 100वां संविधान संशोधन अधिनियम, 2015 (भारत-बांग्लादेश भू-सीमा) 3. 101वां संविधान संशोधन अधिनियम, 2016 (GST) 4. 102वां संविधान संशोधन अधिनियम, 2018 (NCBC) 5. 103वां संविधान संशोधन अधिनियम, 2019 (EWS आरक्षण) 6. 104वां संविधान संशोधन अधिनियम, 2019 (SC/ST आरक्षण विस्तार) 7. 105वां संविधान संशोधन अधिनियम, 2021 (OBC सूची अधिकार) 8. 106वां संविधान संशोधन अधिनियम, 2023 (नारी शक्ति वंदन अधिनियम) प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य संशोधन अधिनियम वर्ष मुख्य विषय-वस्तु संबंधित प्रमुख अनुच्छेद 99वां 2014 NJAC गठन (सुप्रीम कोर्ट द्वारा रद्द) Art 124A, 124B, 124C 100वां 2015 भारत-बांग्लादेश भू-सीमा समझौता प्रथम अनुसूची (First Schedule) 101वां 2016 जीएसटी (GST) लागू Art 246A, 269A, 279A 102वां 2018 NCBC को संवैधानिक दर्जा Art 338B, 342A 103वां 2019 EWS हेतु 10% आरक्षण Art 15(6), 16(6) 104वां 2019 SC/ST आरक्षण 2030 तक बढ़ा, एंग्लो-इंडियन खत्म Art 334 105वां 2021 राज्यों की OBC सूची बनाने की शक्ति बहाल Art 342A, 366(26C) 106वां 2023 महिलाओं को लोकसभा/विधानसभा में 33% आरक्षण Art 330A, 332A, वाणिज्य मंत्रालय द्वारा आंध्र प्रदेश में FCV तंबाकू बाजार की समीक्षा चर्चा में क्यों? भारत सरकार के वाणिज्य मंत्रालय के एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल (अपर सचिव श्री नितिन कुमार यादव के नेतृत्व में) ने आंध्र प्रदेश का दौरा कर फ़्लू-क्योर्ड वर्जीनिया (FCV) तंबाकू की बाजार स्थितियों की विस्तृत समीक्षा की। इस दौरान केंद्रीय टीम ने आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री एन. चंद्रबाबू नायडू, तंबाकू बोर्ड के अध्यक्ष और कार्यकारी निदेशक के साथ बैठक की। इस समीक्षा का मुख्य उद्देश्य FCV तंबाकू उत्पादक किसानों के हितों की रक्षा करना, नीलामी प्रक्रिया की पारदर्शिता जांचना और बाजार में मूल्य स्थिरता बनाए रखने के लिए दीर्घकालिक उपाय खोजना है। मुख्य बिंदु: FCV तंबाकू बाजार समीक्षा और प्रशासनिक कदम 1. वेल्लामपल्ली ऑक्शन प्लेटफॉर्म का दौरा 2. केंद्र और राज्य सरकार का साझा रुख FCV तंबाकू क्या है और इसका क्या महत्व है? प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / पहलू महत्वपूर्ण तथ्य तंबाकू बोर्ड (Tobacco Board) वैधानिक निकाय (तंबाकू बोर्ड अधिनियम, 1975 के तहत 1976 में स्थापित)। नोडल मंत्रालय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय (Ministry of Commerce and Industry)। मुख्यालय गुंटूर, आंध्र प्रदेश। FCV तंबाकू में वैश्विक रैंक भारत FCV तंबाकू का दुनिया में 4वां सबसे बड़ा उत्पादक (चीन, ब्राजील और जिम्बाब्वे के बाद)। असंस्कृत तंबाकू निर्यात भारत मात्रा के आधार पर दुनिया का 2रा सबसे बड़ा निर्यातक (ब्राजील के बाद)। भारत में मुख्य उत्पादक राज्य आंध्र प्रदेश (सबसे बड़ा FCV उत्पादक, 45%+ हिस्सेदारी) और कर्नाटक। सक्रिय रूप से बनते ‘ब्लू स्ट्रैग्लर स्टार’ की खोज चर्चा में क्यों? भारतीय और

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28 July 2026 The Hindu Notes In Hindi Pdf

28 July 2026 The Hindu Notes In Hindi के इस अंक में BoB डेटा लीक, CAFE III मानक, कावेरी जल विवाद, दलबदल कानून और शहरी जल सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण UPSC टॉपिक्स का विस्तृत एवं विश्लेषणात्मक विवरण प्रस्तुत किया गया है। सुप्रीम कोर्ट द्वारा शांतिपूर्ण प्रदर्शन और पुलिस आचरण पर टिप्पणियां       सामान्य अध्ययन पेपर-II: भारतीय संविधान, न्यायपालिका, और पुलिस सुधार चर्चा में क्यों? हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने परीक्षा संबंधी मुद्दों पर हुए प्रदर्शनों (जैसे 20 जुलाई को संसद मार्च और बिहार में कथित पुलिस कार्रवाई) से जुड़ी याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार और पुलिस आचरण को विनियमित करने के लिए समान दिशा-निर्देश (Uniform Guidelines) तैयार करने का संकेत दिया है। सुप्रीम कोर्ट की मुख्य टिप्पणियां एवं अवलोकन याचिकाकर्ताओं की मुख्य मांगें मेकेदातु परियोजना और कावेरी जल विवाद सामान्य अध्ययन पेपर-II: अंतर-राज्यीय संबंध, और जल विवाद चर्चा में क्यों? हाल ही में केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय ने राज्यसभा में एक लिखित उत्तर में स्पष्ट किया है कि फरवरी 2018 के सुप्रीम कोर्ट के फैसले में ऐसा कोई उल्लेख नहीं है कि कर्नाटक को कावेरी नदी पर कोई संरचना (जैसे मेकेदातु परियोजना) बनाने के लिए अन्य रिपेरियन (riparian – नदी बेसिन वाले) राज्यों की सहमति लेना अनिवार्य है। मेकेदातु परियोजना (Mekedatu Balancing Reservoir Project) सुप्रीम कोर्ट में दलबदल विरोधी कानून (दसवीं अनुसूची) के ‘विलय’ (Merger) अपवाद पर चुनौती सामान्य अध्ययन पेपर-II: भारतीय संविधान, दलबदल विरोधी कानून चर्चा में क्यों? हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने वरिष्ठ अधिवक्ता और सांसद कपिल सिब्बल द्वारा दायर उस याचिका पर केंद्र सरकार से जवाब मांगा है, जिसमें संविधान की दसवीं अनुसूची (Tenth Schedule) के तहत दलबदल विरोधी कानून के ‘विलीन’ (Merger) अपवाद की व्याख्या को चुनौती दी गई है। याचिका का मुख्य बिंदु और कानूनी विवाद (Paragraph 4 Interpretation) अन्य संबंधित मामले (जैसे गोवा दलबदल मामला) न्यायपालिका की प्रारंभिक टिप्पणियां महत्व    शहरी जल सुरक्षा और सुधार (Urban Water Security and Reforms) सामान्य अध्ययन पेपर-III: बुनियादी ढांचा, जल संसाधन प्रबंधन संदर्भ एवं पृष्ठभूमि भारत की व्यापक वृद्धि और विकास की महत्वाकांक्षाएं (जैसे ‘विकसित भारत’ का लक्ष्य) इस बात पर निर्भर करती हैं कि हमारे शहर अपने जल संसाधनों का प्रबंधन कैसे करते हैं। शहरी भारत इस दशक में जीडीपी वृद्धि का एक बड़ा हिस्सा संचालित करने की उम्मीद है, लेकिन कई शहरों में जल प्रणालियां अभी भी काफी नाजुक स्थिति में हैं। शहरी जल क्षेत्र की वर्तमान चुनौतियां एक राजनीतिक कार्यकाल (एक चक्र) के भीतर सुधार का एजेंडा शहरी जल सेवाओं को स्थिर करने के लिए चार प्रमुख प्रश्नों के आधार पर एक केंद्रित एजेंडा अपनाया जा सकता है: (क) पानी कहाँ से आता है? (Where does the water come from?) (ख) पानी को कितनी कुशलता से ले जाया जाता है? (How efficiently is water moved?) (ग) किसे क्या मिलता है? (समानता का मुद्दा – Equity) (घ) इसका भुगतान कौन करता है? (वित्तपोषण और मूल्यांकन) निष्कर्ष   भारत को जल प्रबंधन में केवल “कनेक्शन गिनने” (Counting connections) से आगे बढ़कर “प्रदर्शन और लचीलेपन” (Performance and Resilience) के प्रबंधन की ओर बढ़ना होगा। जल, ऊर्जा, वित्त और संस्थाओं को एक ‘ एकल प्रणाली’ के रूप में देखना और परिचालन क्षमताओं में समान रूप से निवेश करना आवश्यक है। कॉर्पोरेट औसत ईंधन दक्षता (CAFE III) मानक और भारत की ऊर्जा सुरक्षा सामान्य अध्ययन पेपर-III: पर्यावरण, ऊर्जा सुरक्षा चर्चा में क्यों? वैश्विक ऑटोमोबाइल उद्योग में आंतरिक दहन इंजन (ICE) से विद्युतीकृत पावरट्रेन (Electrified powertrains) की ओर हो रहे बदलाव के बीच, भारत के प्रस्तावित कॉर्पोरेट औसत ईंधन दक्षता (CAFE III) मानदंड पर बहस तेज हो गई है। यह नियम भारत की ऊर्जा सुरक्षा और जलवायु प्रतिबद्धताओं को प्रभावित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। CAFE मानदंड क्या हैं? CAFE III प्रस्ताव की मुख्य विशेषताएं (भारत के संदर्भ में) CAFE III के संशोधित ढांचे में ‘लचीलेपन’ के उपाय (Flexibility Mechanisms) समीक्षकों का तर्क है कि मसौदे में शामिल निम्नलिखित लचीलेपन के उपाय इसके वास्तविक प्रभाव को कम करते हैं: वैश्विक अनुभव: चीन का ‘डुअल क्रेडिट सिस्टम’ (Dual Credit System) महत्व   भारत में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) और लैंगिक समावेशी विकास संदर्भ एवं पृष्ठभूमि वर्ष 2047 तक ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य की प्राप्ति इस बात पर निर्भर करती है कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) से मिलने वाले उत्पादकता लाभ समाज के सभी वर्गों तक समान रूप से पहुंचे। वर्तमान में AI कृषि, स्वास्थ्य सेवा और वित्तीय सेवाओं जैसी मूल्य श्रृंखलाओं को बदल रहा है। यदि इसका डिज़ाइन समावेशी नहीं हुआ, तो यह संरचनात्मक असमानताओं को और बढ़ा सकता है। अनौपचारिक क्षेत्र और महिलाएं भारत के AI शासन दिशानिर्देश (AI Governance Guidelines) आवश्यक शासन प्राथमिकताएं (Governance Priorities) (क) लिंग प्रभाव आकलन (Gender Impact Assessments) (ख) सार्वजनिक बुनियादी ढांचे के रूप में AI साक्षरता (ग) डिजिटल सुरक्षा (Digital Safety) निष्कर्ष   भारत ने इंडियाएआई मिशन, भाषिणी और AI शासन दिशानिर्देशों के माध्यम से मजबूत बुनियादी ढांचा तैयार किया है। वर्ष 2047 तक भारत की सफलता का पैमाना केवल सकल आर्थिक संकेतक नहीं होना चाहिए, बल्कि यह होना चाहिए कि अनौपचारिक क्षेत्र की महिलाओं को AI सक्षम उपकरणों और अवसरों तक सार्थक और उत्पाद यही पहुंच मिली है या नहीं। बैंक ऑफ बड़ौदा (BoB) डेटा लीक मामला सामान्य अध्ययन पेपर-3 (साइबर सुरक्षा, डेटा गवर्नेंस)   मुख्य घटना (Context) उल्लंघन का कारण और तकनीकी पक्ष (Technical Details) भारत की वित्तीय और साइबर सुरक्षा के लिए चिंताएं  

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27 July 2026 The Hindu Notes In Hindi Pdf

27 July 2026 The Hindu Notes In Hindi Pdf के माध्यम से हम आपके लिए लेकर आए हैं द हिंदू के चुनिंदा और महत्वपूर्ण लेखों का सार। इस अंक में यूनेस्को की नई विश्व धरोहर सूची, बिटचैट (BitChat) ऐप ब्लॉक मामला, भारत की चीन और अमेरिका नीति, आरबीआई के आर्थिक उपाय, परीक्षा सुधार और दिशा 2.0 योजना जैसे समसामयिक विषयों को सरल और परीक्षा-उपयोगी हिंदी में शामिल किया गया है, जो मुख्य परीक्षा (Mains) और निबंध लेखन में अत्यंत लाभकारी साबित होंगे। दिशा 2.0 योजना: तकनीक के माध्यम से न्याय तक पहुंच      मुख्य समाचार (Context) ‘दिशा 2.0’ योजना के चार प्रमुख घटक (Four Key Components) यह योजना एक केंद्रीय क्षेत्र की योजना (Central Sector Scheme) है, जिसके निम्नलिखित चार प्रमुख स्तंभ हैं: न्याय सेतु एआई चैटबॉट   परीक्षा सुधार और उच्च-स्तरीय टास्क फोर्स मुख्य समाचार (Context) टास्क फोर्स की संरचना और प्रमुख सदस्य नंदन नीलेकणी की अध्यक्षता वाली इस समिति में देश के जाने-माने तकनीकी, प्रशासनिक और अंतरिक्ष विशेषज्ञ शामिल हैं: टास्क फोर्स के प्रमुख उद्देश्य और कार्य आरबीआई के पूंजी प्रवाह उपाय और आर्थिक स्थिति मुख्य समाचार (Context) मुख्य आर्थिक बिंदु (Key Highlights) मौद्रिक नीति और मुद्रास्फीति (Monetary Policy & Inflation) महत्वपूर्ण शब्दावली चीन के सामने घुटने न टेकें, अमेरिका पर निर्भर न रहें। वाशिंगटन की अस्थिरता और नई दिल्ली में चिंता चीन की शत्रुता और आक्रामकता का वास्तविक रिकॉर्ड लेखक इस तर्क को रणनीतिक अदूरदर्शिता बताता है और चीन के पिछले एक दशक के hostile track record को रेखांकित करता है: परस्परता (Reciprocity) का मिथक और आर्थिक खतरे अमेरिका की स्थिति और भारत का सही मार्ग BitChat ऐप ब्लॉक मामला मुख्य घटना और आदेश BitChat क्या है? आदेश के मुख्य बिंदु और तर्क यूनेस्को विश्व धरोहर सूची में नए स्थल मुख्य घोषणा प्रमुख नए स्थल: संविधान की मूल संरचना और समकालीन बहस संदर्भ (Context) संविधान की ‘मूल संरचना’ (Basic Structure Doctrine): मुख्य अवधारणा बहस के प्रमुख बिंदु (Key Arguments in the Discourse)

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NCERT Notes Class 7 Social science (Geography) Chapter 2: Understanding the Weather

NCERT Notes Class 7 Social science (Geography) Chapter 2: Understanding the Weather के अंतर्गत मौसम को आकार देने वाले प्रमुख घटकों—जैसे तापमान (Temperature), वायुदाब (Atmospheric Pressure), पवनों की दिशा और गति (Winds), आर्द्रता (Humidity) और वर्षा (Rainfall)—के बीच के गहरे अंतर्संबंधों को स्पष्ट करता है। तथा तापमान में अंतर से वायुदाब में बदलाव आता है और इसी अंतर के कारण हवाएं उच्च दाब से निम्न दाब वाले क्षेत्रों की ओर चलती हैं। इसके साथ ही, यह कृषि नियोजन, आपदा प्रबंधन (जैसे चक्रवात और बाढ़ की पूर्व चेतावनी), उड़ानों के संचालन और मौसम पूर्वानुमान तकनीकों के रणनीतिक महत्व और जलवाष्प के संघनन से बनने वाले बादलों और वर्षा के विभिन्न रूपों के वैज्ञानिक कारणों को भी स्पष्ट करता है। मौसम और इसके तत्व (Weather and its Elements) क्षोभमंडल (Troposphere): वायुमंडल की प्राथमिक परत मौसम के 5 मुख्य तत्व (Elements of Weather) मौसम का तत्व वैज्ञानिक परिभाषा माप / विशेष रूप तापमान (Temperature) वायुमंडल के ठंडा या गर्म होने की स्थिति। सार्वभौमिक मानकों द्वारा मापा जाता है। वर्षण (Precipitation) आकाश से जल का किसी भी रूप में नीचे गिरना। वर्षा (Rain), हिमपात (Snow), स्लीट, ओले (Hail)। वायुमंडलीय दबाव (Atmospheric Pressure) पृथ्वी की सतह पर हवा के भार द्वारा डाला गया दबाव। पवन की दिशा और गति तय करता है। पवन (Wind) हवा की गतिशीलता, उसकी चाल और दिशा। उच्च दाब से निम्न दाब की ओर प्रवाह। आर्द्रता (Humidity) हवा में मौजूद जलवाष्प (Water Vapour) की मात्रा। गैसीय अवस्था में जल। वर्षण के प्रकार (Types of Precipitation) प्राकृतिक संकेतों द्वारा मौसम का पूर्वानुमान (Observing Nature’s clues) मौसम मापन के उपकरण (Weather Instruments) a) तापमान (Temperature) IMD एवं प्राचीन संदर्भ b) वर्षण (Precipitation) c) वायुमंडलीय दबाव (Atmospheric pressure) d) पवन (Wind) e) आर्द्रता (Humidity) प्रमुख मौसम उपकरण और उनका कार्य घटक (Element) मापक उपकरण (Instrument) मापन इकाई (Unit) व्यावहारिक अनुप्रयोग तापमान थर्मामीटर C / F दैनिक तापमान परास व जलवायु आंकड़े एकत्र करना। वर्षण रेन गेज मिलीमीटर (mm) कृषि योजना और जल संसाधन प्रबंधन। वायुदाब बैरोमीटर मिलीबार (mb) चक्रवात, तूफान और मौसम प्रणाली का पूर्वानुमान। पवन दिशा विंड वेन / विंड सॉक दिशा (N, S, E, W) नेविगेशन, एविएशन (विमानन) और नौकायन। पवन गति एनीमोमीटर किमी/घंटा (km/h) तूफान चेतावनी और पवन ऊर्जा आकलन। आर्द्रता हाइग्रोमीटर प्रतिशत (%) खाद्य उद्योग, संग्रहालय एवं वस्त्र सुखाई प्रक्रि मौसम केंद्र (Weather Stations) स्वचालित मौसम केंद्र (Automated Weather Station (AWS) मौसम का पूर्वानुमान (Predicting the Weather) मौसमी चेतावनियाँ (IMD Weather Warning Alert System) कलर कोड चेतावनी का स्तर प्रशासनिक व सार्वजनिक कार्रवाई Green (नो वॉर्निंग) कोई चेतावनी नहीं स्थिति सामान्य, किसी कार्रवाई की आवश्यकता नहीं। Yellow (वॉच) निगरानी रखें (Be Updated) मौसम खराब हो सकता है; स्थिति पर नजर रखें। Orange (अलर्ट) तैयार रहें (Be Prepared) गंभीर मौसम की संभावना; बचाव की तैयारी रखें। Red (वॉर्निंग) कार्रवाई करें (Take Action) अत्यधिक खतरनाक मौसम; तत्काल सुरक्षात्मक कदम उठाएं। NCERT Class 6, Science Ch-5 यहाँ पढ़ें:-

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25 July 2026 The Hindu Notes In Hindi Pdf

25 July 2026 The Hindu Notes In Hindi Pdf के इस महत्वपूर्ण विश्लेषणात्मक अंक में देश और दुनिया से जुड़े कई दूरदर्शी विषयों को शामिल किया गया है। इसमें भारत की समुद्री विदेश नीति, महिला कार्यबल की भागीदारी से ‘विकसित भारत 2047’ के लक्ष्य, सुंदरबन के नाजुक मैंग्रोव तंत्र और हिमालयी औषधीय पौधे ‘कुटकी’ के संरक्षण पर जोर दिया गया है। साथ ही, ऊर्जा क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव लाने वाली जिंक-एयर बैटरी के लिए नई नैनोफ्लुइड इलेक्ट्रोलाइट तकनीक पर भी विशेष प्रकाश डाला गया है।   जिंक-एयर बैटरी के लिए नई नैनोफ्लुइड इलेक्ट्रोलाइट तकनीक नई तकनीक और विकासकर्ता मुख्य विशेषताएं और लाभ समाधान की गई तकनीकी चुनौतियाँ पारंपरिक जिंक-एयर बैटरियों की दो प्रमुख समस्याओं का समाधान किया गया है:    हिमालयी क्षेत्र में ‘कुटकी‘ (पिक्रोराइजा कुर्रोआ) का संरक्षण और संधारणीय खेती संकटग्रस्त जड़ी-बूटी और उद्देश्य हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में मॉडल वैज्ञानिक खेती और ‘स्टोलन’ (Stolon) विधि सुंदरबन और मैंग्रोव वन संरक्षण संदर्भ (Context) प्रमुख तथ्य   सुंदरबन मैंग्रोव वनों के समक्ष प्रमुख चुनौतियाँ (Challenges) उपाय महिला श्रम बल सहभागिता और ‘विकसित भारत 2047’ संदर्भ (Context) अर्थव्यवस्था की संरचनात्मक कमियां (Structural Weaknesses) महिला श्रम शक्ति: आर्थिक वृद्धि का मुख्य इंजन महिला कार्य सहभागिता (WPR) की वर्तमान स्थिति और चुनौतियाँ उत्तर-दक्षिण विभाजन (The North-South Divide)   भारत की विदेश नीति को समुद्र की ओर देखना चाहिए। संदर्भ (Context) प्रमुख आंकड़े एवं रिपोर्ट (Key Facts & Data) भारतीय नाविकों के समक्ष प्रमुख चुनौतियाँ (Challenges) सरकार द्वारा उठाए गए कदम और नई पहल (Government Initiatives) आगे की राह / आवश्यक उपाय (Way Forward)

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NCERT Notes Class 7 Social science (Geography) Chapter 1: Geographical Diversity of India

NCERT Notes Class 7 Social science (Geography) Chapter 1: Geographical Diversity of India के अंतर्गत भारत के मुख्य भौतिक विभागों—उत्तर के विशाल पर्वतीय क्षेत्र (हिमालय), सिंधु-गंगा-ब्रह्मपुत्र का उपजाऊ मैदान, प्राचीन और खनिज समृद्ध प्रायद्वीपीय पठार, तटीय मैदान तथा अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में स्थित द्वीप समूहों—की भू-वैज्ञानिक विशेषताओं, उत्तर में लहराते उत्तुंग हिमालय के पर्वतीय शिखरों से लेकर दक्षिण के विशाल हिंद महासागर को स्पर्श करते तटीय मैदानों तक, और समृद्ध भौगोलिक विविधता का एक सुव्यवस्थित विश्लेषण प्रस्तुत करता है। हिमालय पर्वत शृंखला (The Himalayas) एशिया का वॉटर टावर और सांस्कृतिक महत्व हिमालय का निर्माण हिमालय की तीन मुख्य श्रेणियाँ (Three Main Ranges) हिमालय को उत्तर से दक्षिण की ओर तीन प्रमुख श्रेणियों में वर्गीकृत किया गया है: श्रेणी का नाम भौगोलिक स्थिति व विशेषताएं प्रमुख चोटियां / स्थान हिमाद्रि (Greater Himalayas) सबसे उत्तरी, उच्चतम और सबसे बीहड़ श्रेणी। वर्षभर बर्फ से ढकी रहती है। माउंट एवरेस्ट, कंचनजंगा। हिमाचल (Lower Himalayas) हिमाद्रि के दक्षिण में स्थित। मध्यम जलवायु, समृद्ध जैव विविधता और मानव बसाव के अनुकूल। शिमला, कुल्लू-मनाली, नैनीताल, मसूरी, दार्जिलिंग। शिवालिक (Outer Himalayas) सबसे बाहरी और सबसे निचली श्रेणी। घने जंगलों और घुमावदार पहाड़ियों से निर्मित। हिमालय और गंगा के मैदानों के बीच का संक्रमण क्षेत्र (Transition Zone)। आपदा प्रबंधन, कला और जैव विविधता भारत का शीत मरुस्थल (The cold desert of India) मूनलैंड और लद्दाख की भूगर्भीय उत्पत्ति (Geological Origin) भूगर्भीय विशेषता / शब्द वैज्ञानिक कारण व प्रक्रिया मुख्य तथ्य मूनलैंड लद्दाख के भूभाग की बनावट चंद्रमा की सतह जैसी दिखती है, इसलिए इसे ‘मूनलैंड’ कहते हैं। यह क्षरण (Erosion) और हवा-पानी के प्रभावों का परिणाम है। टेथिस सागर का अवशेष जब भारतीय प्लेट यूरेशिया से टकराई, तो बीच का समुद्र (टेथिस) वलित होकर उठ गया। यहाँ की चट्टानें मुख्य रूप से बालू (Sand) और मिट्टी (Clay) से बनी हैं। पेंगोंग त्सो आस-पास के पर्वतीय क्षेत्रों से घुले खनिजों के कारण इसका पानी खारा (Salty) है। स्थानीय भाषा में ‘त्सो’ का अर्थ झील होता है। जैव विविधता और सांस्कृतिक जीवन (Wildlife & Culture) गंगा के मैदान (The Gangetic Plains) नदी प्रणाली, मिट्टी और आर्थिक जीवन मुख्य कारक वैज्ञानिक व भौगोलिक विवरण यूपीएससी परीक्षा हेतु आर्थिक महत्व प्रमुख नदी प्रणालियाँ सिंधु (Indus), गंगा, और ब्रह्मपुत्र तंत्र व उनकी सहायक नदियाँ। कृषि, पेयजल और पनबिजली (Hydroelectricity) उत्पादन का मुख्य स्रोत। जलोढ़ मृदा (Alluvial Soil) नदियाँ पहाड़ों से खनिज और उपजाऊ गाद (Silt) लाकर जमा करती हैं। भूमि को अत्यधिक उपजाऊ बनाती हैं, जिससे सघन कृषि संभव होती है। बहु-फसली प्रणाली (Multi-cropping) वर्ष में एक से अधिक फसलें उगाना (उदा. उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल के धान के खेत)। खाद्य सुरक्षा (Food Security) और ग्रामीण आजीविका की रीढ़। परिवहन जाल और अवसंरचना विशेष तथ्य विशाल भारतीय मरुस्थल या थार मरुस्थल बालुका स्तूप (Sand Dunes) और जैसलमेर भौगोलिक / सांस्कृतिक घटक निर्माण प्रक्रिया एवं विशेषताएँ यूपीएससी परीक्षा हेतु मुख्य तथ्य बालुका स्तूप (Sand Dunes) पवन (Wind) द्वारा रेत को स्थानांतरित कर पहाड़ी नुमा आकृतियों में ढालना। ये स्तूप अस्थिर होते हैं और इनकी ऊंचाई 150 मीटर तक हो सकती है। जैसलमेर थार मरुस्थल के मध्य में स्थित शहर, जिसे ‘गोल्डन सिटी’ कहा जाता है। जैसलमेर का किला यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल है। जल संरक्षण और जीवन शैली (Water Conservation & Adaptation) अरावली की पहाड़ियाँ (The Aravalli Hills) अरावली का खनिज और ऐतिहासिक महत्व विषय ऐतिहासिक व वैज्ञानिक साक्ष्य मुख्य तथ्य खनिज संसाधन संगमरमर (Marble), ग्रेनाइट, जस्ता (Zinc) और तांबा (Copper)। प्राचीन काल से निर्माण और खनन का केंद्र रही है। जावर की खानें (Zawar Mines) 800 से अधिक वर्ष पुराने ऐतिहासिक साक्ष्य। भारतीय विश्व में सबसे पहले जस्ता (Zinc) निष्कर्षण प्रक्रिया में पारंगत हुए। सामरिक दुर्ग (Historic Forts) चित्तौड़गढ़, कुंभलगढ़ और रणथंभौर के ऐतिहासिक किले। पहाड़ियों का ढाल शत्रुओं के विरुद्ध प्राकृतिक सुरक्षा प्रदान करता था। प्रायद्वीपीय पठार (The Peninsular Plateau) पश्चिमी घाट बनाम पूर्वी घाट विशेषता पश्चिमी घाट (Western Ghats) पूर्वी घाट (Eastern Ghats) संरचना व ऊंचाई अधिक ऊंचे और पश्चिमी तट के समानांतर दीवार की तरह निरंतर विस्तृत। अपेक्षाकृत कम ऊंचे और नदियों द्वारा कटे-छंटे (Broken) खंडों में स्थित। स्थानीय नाम व दर्जा उत्तरी भाग को ‘सह्याद्रि’ कहते हैं। यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल है। पूर्वी तट के साथ बिखरी हुई पहाड़ियों के रूप में फैला है। जलप्रपात व जैव विविधता मानसून में तीव्र ढलानों पर अनेक जलप्रपात बनते हैं; अत्यधिक समृद्ध जैव विविधता। कम ढलान; पूर्व की ओर बहने वाली नदियाँ यहाँ से होकर गुजरती हैं। नदियाँ, जनजातीय संस्कृति और जलप्रपात भारत की अद्वितीय तटरेखा भारत का पश्चिमी तट (The West Coast of India) पूर्वी तट (The East Coast) पश्चिमी तट बनाम पूर्वी तट लक्षण पश्चिमी तट (West Coast) पूर्वी तट (East Coast) भौगोलिक स्थिति अरब सागर और पश्चिमी घाट के बीच बंगाल की खाड़ी और पूर्वी घाट के बीच तटीय चौड़ाई संकीर्ण (Narrow) मैदान चौड़ा और विस्तृत (Wide) मैदान जल आकृतियाँ एस्ट्युरी (Estuary/ज्वारनदमुख), खाड़ियाँ डेल्टा और लैगून झीले प्रमुख नदियाँ नर्मदा, तापी (तिव्र गति से बहने वाली नदियाँ) महानदी, गोदावरी, कृष्णा, कावेरी भारतीय द्वीप समूह (Indian Islands) भारत के पास दो प्रमुख द्वीप समूह हैं — लक्षद्वीप (अरब सागर) और अंडमान एवं निकोबार (बंगाल की खाड़ी)। लक्षद्वीप समूह (Lakshadweep islands) अंडमान और निकोबार द्वीप समूह (Andaman and Nicobar islands) पश्चिम बंगाल और सुंदरबन में डेल्टा उत्तर-पूर्व की पहाड़ियाँ (The hills of the Northeast) विशेष तथ्य सारणी विषय / स्थल मुख्य विशेषता परीक्षा हेतु महत्व मावलिननॉन्ग गांव ईस्ट खासी हिल्स (मेघालय) में स्थित। ‘एशिया का सबसे स्वच्छ गांव’ (Cleanest Village in Asia) का दर्जा। इको-फ्रेंडली जीवन शैली बांस के कूड़ेदान और उत्कृष्ट स्वच्छता प्रबंधन। सामुदायिक पर्यावरण संरक्षण का वैश्विक मॉडल। लिविंग रूट ब्रिज रबर के पेड़ों की जड़ों को वर्षों तक आपस में बुनकर बनाए गए प्राकृतिक पुल। पारंपरिक जैव-इंजीनियरिंग (Bio-engineering) का सर्वोत्तम उदाहरण। NCERT Class 6, Social Science Ch-1 यहाँ पढ़ें:-

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25 July 2026 PIB Summary for UPSC in Hindi Pdf

25 July 2026 PIB Summary for UPSC in Hindi Pdf के अंतर्गत नई दिल्ली में संपन्न आपदा जोखिम न्यूनीकरण पर तीसरी ब्रिक्स (BRICS) मंत्रिस्तरीय बैठक के नीतिगत निष्कर्षों, लघु व मध्यम उद्योगों के वाणिज्यिक विवादों के त्वरित निपटारे हेतु एमएसएमई ऑनलाइन विवाद समाधान (ODR) पोर्टल, रसायन उद्योग को बढ़ावा देने के लिए कैबिनेट द्वारा स्वीकृत ‘भव्य रसायन’ (Chemical Parks) योजना, इसके अतिरिक्त, कृषि क्षेत्र को डिजिटल मजबूती देने वाले WINDS सिस्टम और PMFBY (प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना) में तकनीकी सुधारों, स्वास्थ्य एवं जनसांख्यिकी संकेतकों पर प्रकाश डालने वाले NFHS-6 (राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण) के आंकड़ों तथा अनुसंधात्मक नेशनल रिसर्च फाउंडेशन (ANRF) के तहत अनुसंधान, विकास और नवाचार (RDI) फंड का विस्तृत विश्लेषण प्रस्तुत किया गया है। आपदा जोखिम न्यूनीकरण पर तीसरी ब्रिक्स मंत्रिस्तरीय बैठक: नई दिल्ली में सफल आयोजन चर्चा में क्यों? नई दिल्ली में भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता 2026 के तहत ‘आपदा जोखिम न्यूनीकरण (DRR) पर तीसरी ब्रिक्स मंत्रिस्तरीय बैठक’ का सफल आयोजन किया गया। गृह मंत्रालय के राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) द्वारा आयोजित इस बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय गृह राज्य मंत्री श्री नित्यानंद राय ने की। सम्मेलन का मुख्य आकर्षण ‘आपदा जोखिम न्यूनीकरण पर ब्रिक्स संयुक्त वक्तव्य’ (BRICS Joint Statement on DRR) को सर्वसम्मति से अपनाना रहा, जिससे सदस्य देशों के बीच आपदा प्रबंधन और सतत विकास के लिए द्विपक्षीय व बहुपक्षीय सहयोग को नई दिशा मिलेगी। मुख्य बिंदु: रणनीतिक प्राथमिकताएं, ज्ञान उत्पाद और भावी रोडमैप 1. ऐतिहासिक विकासक्रम और थीम 2. भारत के 5 रणनीतिक प्राथमिकता क्षेत्र और 10-सूत्रीय एजेंडा 3. प्रमुख उच्च-स्तरीय संवाद एवं 6 फ्लैगशिप ज्ञान उत्पाद 4. भावी कार्ययोजना प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / बिंदु महत्वपूर्ण तथ्य बैठक का नाम आपदा जोखिम न्यूनीकरण पर 3री ब्रिक्स मंत्रिस्तरीय बैठक (24 जुलाई 2026, नई दिल्ली)। आयोजक संस्था राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA), गृह मंत्रालय। अध्यक्षता भारत (गृह राज्य मंत्री श्री नित्यानंद राय)। ऐतिहासिक संदर्भ उदयपुर घोषणापत्र (2016) और कज़ान घोषणापत्र (2024)। मुख्य परिणाम ब्रिक्स संयुक्त वक्तव्य को अपनाना और 6 फ्लैगशिप ज्ञान उत्पादों का शुभारंभ। मुख्य कार्य योजना ब्रिक्स आपदा जोखिम न्यूनीकरण कार्य योजना (2025–2028)। एमएसएमई ऑनलाइन विवाद समाधान (ODR) पोर्टल: वाणिज्यिक विवाद समाधान की नई दिशा चर्चा में क्यों? सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (MSME) मंत्रालय ने राष्ट्रीय ओडीआर (Online Dispute Resolution) ढांचे के सफल कार्यान्वयन का विवरण साझा किया। ‘रैंप’ कार्यक्रम के तहत शुरू किए गए इस डिजिटल पोर्टल ने विलंबित भुगतान और वाणिज्यिक विवादों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया है। मुंबई की ‘ज़ीडिजाइन इंजीनियरिंग’ द्वारा 24 घंटे में ₹21.06 लाख और कोलकाता की ‘शिवा केमिकल्स’ द्वारा ₹4.99 लाख की त्वरित रिकवरी इसके प्रभावी होने का प्रत्यक्ष प्रमाण है। यह कदम व्यापार सुगमता (Ease of Doing Business) और एमएसएमई की वित्तीय स्थिति को सुदृढ़ कर रहा है। मुख्य बिंदु: डिजिटल तंत्र, कार्यप्रणाली और रणनीतिक लाभ 1. एमएसएमई ओडीआर पोर्टल की मूल विशेषताएं 2. प्री-MSEFC वार्ता और डिजिटल गाइडेड पाथवे 3. सुगम पहुंच और डिजिटल इंडिया से जुड़ाव प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / बिंदु महत्वपूर्ण तथ्य पोर्टल का नाम एमएसएमई ऑनलाइन विवाद समाधान (ODR) पोर्टल। नोडल मंत्रालय सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय (Ministry of MSME)। संबंधित कार्यक्रम RAMP (Raising and Accelerating MSME Performance)। वैधानिक निकाय MSEFC (MSMED अधिनियम, 2006 के अंतर्गत स्थापित)। तकनीकी सुविधा प्री-MSEFC नेगोशिएशन एवं ‘डिजिटल गाइडेड पाथवे’। केमिकल पार्क्स योजना: ‘भव्य रसायन’ को कैबिनेट की मंजूरी चर्चा में क्यों? प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने देश में तीन समर्पित केमिकल पार्क्स की स्थापना के लिए ‘भारत औद्योगिक विकास योजना रसायन’ (BHAVYA Rasayan) को मंजूरी दी है। इस योजना की घोषणा केंद्रीय बजट 2026–27 में की गई थी। इसका प्राथमिक उद्देश्य भारत के रसायन उद्योग की वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ाना, लॉजिस्टिक्स लागत को कम करना और सतत व पर्यावरण-अनुकूल उत्पादन को बढ़ावा देना है। यह पहल देश के रसायन क्षेत्र में घरेलू और विदेशी निवेश (FDI) को आकर्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। मुख्य बिंदु: वित्तीय आवंटन, चयन प्रक्रिया और आर्थिक व पर्यावरण प्रभाव 1. वित्तीय आवंटन और वित्त पोषण का ढांचा 2. चयन प्रक्रिया एवं ‘प्लग-एंड-प्ले’ इंफ्रास्ट्रक्चर 3. आर्थिक, पर्यावरणीय एवं रणनीतिक महत्व प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य घटक / बिंदु महत्वपूर्ण तथ्य योजना का पूरा नाम भारत औद्योगिक विकास योजना रसायन (BHAVYA Rasayan)। कुल बजट ₹3,030 करोड़ (5 वर्षों के लिए: FY 2026-27 से 2030-31)। प्रस्तावित केमिकल पार्क 3 समर्पित केमिकल पार्क्स। सहायता राशि (प्रति पार्क) केंद्र का अनुदान: अधिकतम ₹1,000 करोड़; राज्य का न्यूनतम अंशदान: ₹500 करोड़। चयन विधि चैलेंज रूट। भूमि की न्यूनतम शर्त न्यूनतम 8 वर्ग किमी (2,000 एकड़) की निरंतर भूमि। WINDS सिस्टम और PMFBY में तकनीकी सुधार: भारतीय कृषि का डिजिटल कायाकल्प चर्चा में क्यों? केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री श्री रामनाथ ठाकुर ने राज्यसभा में ‘वेदर इंफॉर्मेशन नेटवर्क एंड डेटा सिस्टम’ (WINDS) के प्रसार तथा ‘प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना’ (PMFBY) के तहत दावा निपटान में तेजी लाने के लिए किए गए तकनीकी सुधारों का ब्योरा साझा किया। सरकार ने फसल नुकसान के सटीक आकलन के लिए ‘यस-टेक’ और पारदर्शी भुगतान के लिए ‘डिजीक्लेम’ जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म को अनिवार्य कर दिया है। यह पहल फसल बीमा, कृषि सलाह और आपदा प्रबंधन के लिए हाइपरलोकल मौसम डेटा उत्पन्न करने में क्रांतिकारी साबित हो रही है। मुख्य बिंदु: कृषि और फसल बीमा में डिजिटल नवाचार 1. WINDS सिस्टम: हाइपरलोकल मौसम डेटा नेटवर्क 2. YES-TECH: रिमोट सेंसिंग से उपज का सटीक आकलन 3. त्वरित दावा निपटान हेतु वित्तीय व तकनीकी सुधार प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य पहल / टूल महत्वपूर्ण तथ्य WINDS पहल AWS और ARG का राष्ट्रीय नेटवर्क (हाइपरलोकल डेटा हेतु)। YES-TECH उपग्रह/रिमोट सेंसिंग आधारित फसल उपज अनुमान प्रणाली। Digiclaim NCIP और PFMS के एकीकरण से त्वरित DBT दावा भुगतान। CLAP App व्यक्तिगत खेतों में स्थानीय आपदा नुकसान के त्वरित आकलन हेतु ऐप। 12% पेनल्टी नियम बीमा कंपनियों व राज्यों द्वारा देरी पर 12% ऑटो-कैलकुलेटेड दंड। CCE-Agri App फसल कटाई प्रयोगों (CCEs) का डिजिटल डेटा अपलोड करने हेतु। NFHS-6 आंकड़े: मातृ-शिशु स्वास्थ्य में सुधार और जीवनशैली बीमारियों की चुनौती चर्चा में क्यों? केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री श्री प्रतापराव जाधव ने लोकसभा में एक लिखित उत्तर में राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण (NFHS-6: 2023-24) के प्रमुख आंकड़ों का विश्लेषण साझा किया। इन आंकड़ों से पता चलता है कि NFHS-5 (2019-21)

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24 July 2026 The Hindu Notes In Hindi Pdf

“सिविल सेवा और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में ‘द हिंदू’ (The Hindu) अखबार की भूमिका सर्वोपरि मानी जाती है। हालांकि, अंग्रेजी भाषा में होने के कारण कई हिंदी माध्यम के छात्रों को इसे समझने और इसके नोट्स बनाने में कठिनाई होती है। The Hindu Notes In Hindi इसी समस्या का एक प्रभावी समाधान है। डन्यूब नदी का सूखा (Danube River Drought) पृष्ठभूमि   डन्यूब नदी (Danube River) डन्यूब नदी (Danube) यूरोप की दूसरी सबसे लंबी नदी है (वोल्गा नदी के बाद)। यह मध्य और पूर्वी यूरोप की एक बेहद महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक नदी है। उद्गम और मुहाना (Source and Mouth) प्रवाहित होने वाले देश (10 देश) डन्यूब नदी दुनिया की ऐसी नदी है जो सबसे अधिक देशों (10 देशों) से होकर गुजरती है या उनकी अंतरराष्ट्रीय सीमा बनाती है: जर्मनी, ऑस्ट्रिया, स्लोवाकिया, हंगरी, क्रोएशिया, सर्बिया, बुल्गारिया, रोमानिया, मोल्दोवा और यूक्रेन प्रमुख राजधानियाँ यह नदी यूरोप की चार प्रमुख राष्ट्रीय राजधानियों से होकर गुजरती है: मुख्य विशेषताएँ एवं महत्व  पिकएक्स माउंटेन और बंकर बस्टर गैंबल भौगोलिक और रणनीतिक पृष्ठभूमि तकनीकी एवं सामरिक चुनौतियाँ  Foreign Currency Non-Resident [Bank] or FCNR (B) Deposits जमा योजना परिचय एवं पृष्ठभूमि (Introduction & Context) योजना की मुख्य विशेषताएँ और RBI का हस्तक्षेप (Design Features) Bank credit-deposit ratio at a 62-year high   CD रेशियो (क्रेडिट-डिपॉजिट अनुपात): वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही (Q1 FY27) में भारतीय बैंकों का CD रेशियो 62 साल के उच्चतम स्तर 82.6% पर पहुंच गया।   लोन और डिपॉजिट की वृद्धि (Q1):   वृद्धि में अंतर (Variance): लोन और डिपॉजिट की वृद्धि के बीच का अंतर 5 प्रतिशत अंक (percentage points) था (जून तिमाही, FY24 के बाद से सबसे ज्यादा)।   CD रेशियो में तेजी के कारण (विश्लेषकों के अनुसार): क्रेडिट-डिपॉजिट (सीडी) अनुपात वह वित्तीय माप है जो यह बताता है कि बैंक अपनी कुल जमा राशि (डिपॉजिट) का कितना हिस्सा कर्ज (क्रेडिट) देने में उपयोग कर रहे हैं। इसका सूत्र कुल ऋण को कुल जमा से भाग देकर 100 से गुणा करना है। उच्च अनुपात (>85%): यह अधिक ऋण मांग और लाभ को दिखाता है, लेकिन बैंक की तरलता (लिक्विडिटी) पर जोखिम बढ़ा सकता है।कम अनुपात (<70%): यह सुरक्षित होता है, लेकिन संकेत देता है कि बैंक अपने पैसों का पूरा उपयोग कर्ज देने के लिए नहीं कर रहे हैं। ई-कॉमर्स सेक्टर में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) के नियमों में एक बड़ा बदलाव विरोध(Protest) करने का अधिकार और पुलिस शक्तियों की सीमाएँ संवैधानिक और कानूनी ढांचा सीजेपी (CJP) मार्च और कानून की स्थिति पुलिस कार्रवाई के मानक और नियम सुप्रीम कोर्ट के महत्वपूर्ण फैसले नाटो (NATO) का अंकारा शिखर सम्मेलन (2026) और भू-राजनीतिक प्रभाव अंकारा शिखर सम्मेलन का परिचय रणनीतिक रोडमैप की चार मुख्य प्रतिबद्धताएं नाटो का विस्तार और रूस की प्रतिक्रिया नाटो के बदलाव और रक्षा उत्पादन की चुनौतियाँ भारत के लिए निहितार्थ और आत्म-निर्भरता की आवश्यकता

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